विज्ञापन
Home› Sair Sapata› Swad Gali› Railway Food Qr Codes On Food Packets And Vendor Id Cards Food To Be Cooked Under Cctv

रेल में नहीं चलेगा फर्जीवाड़ा : खाने के पैकेट और वेंडर के ID CARD पर होगा QR कोड, CCTV निगरानी में पकेगा खाना

गांव जंक्शन डेस्क, नई दिल्ली Published by: Devesh Saraswat Updated Thu, 19 Mar 2026 05:49 PM IST
सार

सरकार ने रेल में परोसे जाने वाले खाने की गुणत्ता को बेहतर करने के लिए कई बड़े कदम उठाए हैं। लोकसभा में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि ट्रेनों में खाना बनाने और परोसने वाले कर्मचारियों के लिए क्यूआर लगा आई-कार्ड जरूरी कर दिया गया है। जानिए विस्तार से...
 

खाने की गुणवत्ता में सुधार के लिए रेल मंत्रालय ने उठाए कई कदम।
खाने की गुणवत्ता में सुधार के लिए रेल मंत्रालय ने उठाए कई कदम। - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सरकार ने रेल में परोसे जाने वाले खाने की गुणत्ता को बेहतर करने के लिए कई बड़े कदम उठाए हैं। लोकसभा में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि ट्रेनों में खाना बनाने और परोसने वाले कर्मचारियों के लिए क्यूआर लगा आई-कार्ड जरूरी कर दिया गया है।

अगर आप रेल में सफर करते हैं, तो यह खबर काफी काम की है। 

QR कोड से खुलेगी सारी पोल
कई बार रेल में मान्यता प्राप्त वेंडर की जगह फेरीवाली खाना परोस देते हैं। लेकिन, सरकार ने असली वेंडरों को QR कोड वाले आई-कार्ड महुैया कराए हैं। ऐसे में आप इन्हीं आई-कार्ड पहने लोगों से खाने-पीने का सामान लें। बता दें कि इस कोड में वेंडर की पूरी कुंडली छुपी हुई है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने संसद में पूरा ब्योरा दिया है।

खाने के पैकेट पर भी होगा QR कोड
रेल मंत्री ने बताया है कि यात्रियों को परोसे जाने वाले खाने के पैकेट पर भी QR कोड लगाया जा रहा है। इस QR कोड को स्कैन करने पर आपको किचन का नाम, खाने के बनने से लेकर उसके पैक होने की तारीख की जानकारी मिलेगी।

बिना इजाजत सामान बेचना है कानूनी अपराध
रेलवे ने साफ किया है कि ट्रेनों और स्टेशनों पर बिना अनुमति के सामान बेचना या फेरी लगाना रेलवे अधिनियम, 1989 की धारा 144 के तहत दंडनीय अपराध है। ऐसे अवैध वेंडरों को ट्रेन में घुसने से रोकने के लिए आरपीएफ और रेलवे के अधिकारी लगातार चेकिंग और विशेष अभियान चला रहे हैं।

साफ-सुथरे और स्वादिष्ट खाने के लिए रेलवे के नए इंतजाम
अब खाना तय बेस किचन में ही बनेगा, यहां खाना बनने पर निगरानी रखने के लिए CCTV लगाए गए हैं।
  • खाना बनाने में इस्तेमाल होने वाला कच्चा माल ब्रांडेड  होगा।
  • किचन में साफ-सफाई की निगरानी के लिए फूड सेफ्टी सुपरवाइजर की तैनाती हुई है। वहीं, ट्रेन के अंदर  IRCTC से जुड़े सुपरवाइजर  इस काम को देखेंगे। इसके अलावा, हर कैटरिंग यूनिट के लिए खाद्य सुरक्षा अधिकारी से FSSAI का सर्टिफिकेट लेना जरूरी कर दिया गया है।
  • बेस किचन और ट्रेन की पैंट्री कार की नियमित रूप से 'डीप क्लीनिंग' (गहरी सफाई) की जाएगी और समय-समय पर कीड़े-मकोड़ों को मारने के लिए पेस्ट कंट्रोल किया जाएगा।
  • खाने की क्वालिटी जांचने के लिए समय-समय पर खाने के सैंपल लिए जाएंगे। फूड सेफ्टी ऑफिसर कभी भी अचानक से किचन और पैंट्री कार का निरीक्षण कर सकते हैं। इसके अलावा बाहरी एजेंसियो से भी ऑडिट कराया जाता है और यात्रियों से उनकी राय (फीडबैक) भी ली जाती है।
  • IRCTC अपने कर्मचारियों को यात्रियों से सही व्यवहार, साफ-सुथरे कपड़े पहनने, व्यक्तिगत साफ-सफाई रखने और बेहतर सर्विस देने की लगातार ट्रेनिंग दे रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन