विज्ञापन
Home› Kheti Kisani› Krishi Vyapar› Relief For Potato Farmers Cold Storage Rates Have Reached 500 600 Per Packet With A 200 Rise For Special

आलू किसानों को राहत : कोल्ड स्टोरेज में रेट 500 से ₹600 प्रति पैकेट तक पहुंचा, खास किस्मों में ₹200 की तेजी

गांव जंक्शन डेस्क, हाथरस Published by: Devesh Saraswat Updated Mon, 12 Oct 2026 10:05 AM IST
सार

  • यूपी में आलू के भाव में सुधार, कोल्ड स्टोरेज में कीमत 500 से बढ़कर 600 रुपये प्रति पैकेट हुई।
  • बारिश और गर्मी के कारण अगेती आलू की बुवाई में देरी, नई फसल की आवक भी पिछड़ने की आशंका।
  • महाराष्ट्र, कर्नाटक और तमिलनाडु में 3797 किस्म के आलू की मांग बढ़ी।
  • हाथरस के शीतगृहों में अब तक 65% आलू की निकासी, 35% स्टॉक अभी बचा।
  • हरी सब्जियों की महंगाई और नई फसल में देरी से भंडारित आलू के भाव को सहारा मिला।

आलू के बाजार भाव में सुधार देखने को मिल रहा है।
आलू के बाजार भाव में सुधार देखने को मिल रहा है। - फोटो : AI Image
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सितंबर के आखिरी दिनों में बारिश आलू किसानों के लिए राहत की खबर लाई है। पिछले सीजन से आलू किसानों को बाजार में कम भाव का सामना करना पड़ रहा है, लेकिन हालात में अब कुछ सुधार आया है। अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, पहले 500 रुपये प्रति पैकेट के दाम पर कोल्ड स्टोरेज में बिकने वाला आलू का दाम अब बढ़कर 600 रुपये तक पहुंच गया है। दूसरी तरफ आलू की कुछ खास किस्मों के भाव में 200 रुपये प्रति पैकेट की तेजी दर्ज की गई है।

अगेती बुवाई में देरी और हरी सब्जियों की महंगाई से सुधरा बाजार
व्यापारियों के अनुसार, हाल ही में हुई बारिश और मौसम में बनी गर्मी के कारण अगेती आलू की बुवाई का काम काफी पिछड़ गया है। उत्तर प्रदेश के प्रमुख आलू उत्पादक क्षेत्रों जैसे फर्रुखाबाद, कन्नौज, शाहजहांपुर, संभल, हरदोई, इटावा, बेवर, मैनपुरी और ऊंझानी में अगेती बुवाई प्रभावित हुई है। इस वजह से नई फसल के बाजार में आने में देरी होने की पूरी आशंका है। इसके अलावा, बाजार में अन्य हरी सब्जियों के दाम काफी अधिक होने के कारण भी पुराने (भंडारित) आलू की मांग को बड़ा सहारा मिला है, जिससे कीमतों में उछाल आया है।

दक्षिण भारत से लेकर दिल्ली-एनसीआर तक बढ़ी खास किस्मों की मांग
महाराष्ट्र, कर्नाटक और तमिलनाडु की मंडियों में 3797 किस्म के आलू की मांग में खासी तेजी देखने को मिली है। व्यापारियों का कहना है कि 3797 किस्म के प्रीमियम आलू में डबल वीवीआईपी का भाव 705 रुपये और वीआईपी का भाव 650 रुपये प्रति पैकेट तक पहुंच गया है। इसके साथ ही, सासनी क्षेत्र में बड़े पैमाने पर भंडारित किए जाने वाले शुगर फ्री आलू की मांग दिल्ली-एनसीआर में काफी अधिक रहती है। इस शुगर फ्री किस्म के दाम भी 200 रुपये प्रति पैकेट तक बढ़ गए हैं।

दूसरी किस्मों पर नजर डालें तो टी-7 किस्म का आलू 700 से 800 रुपये, सूर्या 600 से 750 रुपये, चिप्सोना 550 से 650 रुपये और डायमंड किस्म का आलू 500 से 550 रुपये प्रति पैकेट के भाव पर बिक रहा है।

कोल्ड स्टोरेज में बचा 35 प्रतिशत स्टॉक, किसानों को और बेहतर भाव की उम्मीद
शुरुआत में बाजार में आलू का भाव कम होने के कारण किसान कोल्ड स्टोरेज से अपना आलू निकालने से बच रहे थे। लेकिन अब दाम सुधरने और नई फसल में देरी की आशंका के चलते बाजार की पूरी निर्भरता भंडारित आलू पर आ गई है। शीतगृह एसोसिएशन के कार्यवाहक जिलाध्यक्ष रविकांत अग्रवाल ने जानकारी दी है कि इस बार आलू का भंडारण बहुत अधिक मात्रा में हुआ था। बाजार में तेजी आते ही हाथरस जिले के शीतगृहों से निकासी भी तेज हो गई है। उनके अनुसार, अब तक लगभग 65 प्रतिशत आलू स्टोरेज से बाहर निकाला जा चुका है और अब केवल 35 प्रतिशत स्टॉक ही बचा है। दाम में आए इस ताज़ा सुधार के बाद किसानों को उम्मीद है कि बचे हुए स्टॉक से उनके पिछले नुकसान की पूरी भरपाई हो जाएगी।


विज्ञापन
विज्ञापन