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Uttar Pradesh Farmers Sugar Mills Start Functioning 10 Days Earlier Making Wheat Sowing Easier
उत्तर प्रदेश : किसानों के लिए बड़ी खबर, 10 दिन पहले चलेंगी चीनी मिलें, गेहूं की बुवाई होगी आसान
गांव जंक्शन डेस्क, नई दिल्ली
Published by: Mohammad Aamil
Updated Wed, 23 Sep 2026 01:35 PM IST
सार
बिजनौर में इस बार चीनी मिलों में गन्ने की पेराई अक्टूबर के मध्य से शुरू कराने की तैयारी है। मिलों की मशीनों की मरम्मत 65 से 90.75 प्रतिशत तक पूरी हो चुकी है। जिले में गन्ने का रकबा करीब 2.57 लाख हेक्टेयर है और इस सीजन में 10 करोड़ क्विंटल से ज्यादा गन्ने की पेराई का अनुमान है।
उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले की चीनी मिलों में इस बार गन्ने की पेराई पिछले वर्षों के मुकाबले करीब 10 दिन पहले शुरू कराने की तैयारी है। मिलों में मशीनों की मरम्मत का काम तेजी से चल रहा है। अब तक अलग-अलग मिलों में 65 से 90 प्रतिशत तक मरम्मत पूरी हो चुकी है। चांगीपुर चीनी मिल मरम्मत के मामले में सबसे आगे है। यहां करीब 90.75 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है।
आमतौर पर जिले की चीनी मिलों में नवंबर के पहले सप्ताह से पेराई शुरू होती है। पिछले वर्षों में बिलाई चीनी मिल अक्टूबर के अंत में पेराई शुरू कर देती थी। इस बार सभी चीनी मिलों में अक्टूबर के मध्य से ही पेराई शुरू कराने की तैयारी है। इसके लिए मशीनों की मरम्मत का काम भी तेजी से कराया जा रहा है।
चीनी के दाम बढ़ने से पेराई जल्दी शुरू करने की तैयारी
मिलों में मशीनों की मरम्मत विशेषज्ञों की निगरानी में की जा रही है। सामान्य समय से करीब 10 दिन पहले पेराई शुरू करनी है, इसलिए मरम्मत का काम भी उसी हिसाब से तेजी से पूरा किया जा रहा है। इस साल चीनी के दाम में तेजी को भी पेराई जल्दी शुरू करने की एक वजह बताया जा रहा है।
इसके अलावा जिले में गन्ने का रकबा भी करीब 2,000 हेक्टेयर बढ़ा है। खेतों में गन्ने की फसल भी पिछले तीन-चार वर्षों की तुलना में बेहतर बताई जा रही है। शासन की ओर से भी चीनी मिलों की मरम्मत का काम जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
चांगीपुर मिल में 90 प्रतिशत से ज्यादा मरम्मत पूरी
चांगीपुर चीनी मिल में मरम्मत का काम सबसे तेजी से चल रहा है। यहां मशीनों की मरम्मत करीब 90.75 प्रतिशत पूरी हो चुकी है। अन्य चीनी मिलों में भी काम तेजी से किया जा रहा है। अक्टूबर के पहले सप्ताह से मिलों के क्रय केंद्र स्थापित करने की प्रक्रिया भी शुरू होने की संभावना है। इससे किसानों से गन्ने की खरीद की तैयारी समय से पूरी की जा सकेगी।
10 करोड़ क्विंटल से ज्यादा गन्ने की पेराई का अनुमान
जिले में इस समय करीब 2.57 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गन्ने की खेती है। इस बार चीनी मिलों में 10 करोड़ क्विंटल से ज्यादा गन्ने की पेराई होने का अनुमान है। पिछले वर्ष मिलों ने करीब 9 करोड़ क्विंटल गन्ने की पेराई की थी।
पेराई जल्दी शुरू होने से किसानों को गन्ना खेत से निकालने का समय भी पहले मिल सकता है। इसका फायदा गेहूं की बुवाई में भी हो सकता है। गन्ना समय से निकलने पर किसान खाली खेत में गेहूं की फसल जल्दी बो सकेंगे।
किसानों को गन्ना पर्ची में परेशानी न होने का दावा
जिला गन्ना अधिकारी ब्रजेश कुमार के अनुसार, चीनी मिलों में मरम्मत का काम तेजी से चल रहा है। शासन की मंशा के अनुसार ही मिलों में पेराई शुरू कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि किसानों को गन्ना पर्ची से जुड़ी किसी तरह की समस्या नहीं आने दी जाएगी।
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