उत्तर प्रदेश सरकार ने 68 हजार ग्राम प्रहरियों को बड़ी राहत दी है। मंगलवार को बरेली में आयोजित ग्राम प्रहरी सम्मान समारो' में CM योगी ने ग्राम प्रहरियों का मानदेय एक हजार रुपये प्रतिमाह बढ़ाने का एलान किया। इसके अलावा ग्राम प्रहरियों के परिवारों को सालाना पांच लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज की सुविधा भी दी जाएगी।
मानदेय में 40 प्रतिशत काइजाफा
इस कदम के बाद ग्राम प्रहरियों की मासिक मानदेय 2500 रुपये से 40 प्रतिशत बढ़कर 3500 रुपये हो गया है। सीएम योगी के अनुसार, साल 2017 में ग्राम प्रहरियों को केवल 1500 रुपये मिलते थे। इसे 2019 में बढ़ाकर 2500 रुपये किया गया था। सीएम ने कहा कि अब जिम्मेदारी संग उनकी सुविधाएं भी बढ़ाई जा रही हैं। इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने गृह विभाग को निर्देश दिए हैं कि ग्राम प्रहरियों के खाली पदों पर स्थानीय स्तर से जल्द नियुक्तियां की जाएं।
गांव में सीसीटीवी कैमरे की भूमिका निभाएं प्रहरी
मुख्यमंत्री ने ग्राम प्रहरियों को संबोधित करते हुए कहा कि जिस तरह शहरों में अपराधियों पर नजर रखने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगे हैं, वही भूमिका गांवों में ग्राम प्रहरियों को निभानी चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रहरी किसी भी संदिग्ध गतिविधि, अपराध, जमीन पर कब्जा करने वालों, भू-माफिया की हरकत या जंगली जानवरों के खतरे और अफवाहों की जानकारी तुरंत पुलिस तक पहुंचाएं।
सूचना तंत्र को मजबूत करने के लिए सरकार ने निर्देश दिए हैं कि थानाध्यक्ष या हलके के दारोगा सप्ताह में कम से कम एक दिन ग्राम प्रहरियों के साथ बैठक करें। मुख्यमंत्री ने पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, बहराइच और बिजनौर का जिक्र करते हुए कहा कि समय पर मिली सूचना बड़ी अनहोनी रोक सकती है। उन्होंने जानकारी दी कि बिजनौर में 40 से अधिक तेंदुओं का रेस्क्यू किया गया है। सरकार के अनुसार, प्रदेश की 57,600 से अधिक ग्राम पंचायतों और लगभग 1.05 लाख राजस्व गांवों को सुरक्षित बनाने में ग्राम प्रहरियों की सजगता बेहद महत्वपूर्ण है।
कानून-व्यवस्था और त्योहारों पर शांति
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2017 से पहले सत्ता में बैठे लोग ही लूटपाट कराते थे और त्योहारों के समय उपद्रव होते थे। लेकिन अब अपराधियों में कानून का डर है और राज्य में दंगे नहीं होते। उन्होंने विंध्यवासिनी धाम, देवीपाटन धाम, सीतापुर के ललिता देवी मंदिर और सहारनपुर की शाकंभरी पीठ में उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़ का उदाहरण देते हुए इसे प्रदेश के भयमुक्त वातावरण का परिणाम बताया।
6 करोड़ लोग गरीबी से बाहर आए
समारोह में मौजूद वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि मुख्यमंत्री ने मानदेय बढ़ाकर प्रहरियों के प्रति संवेदनशीलता दिखाई है। उन्होंने यह भी दावा किया कि सरकार के नेतृत्व में छह करोड़ से अधिक लोगों को गरीबी से बाहर निकाला गया है। वहीं, पशुधन मंत्री धर्मपाल सिंह ने विपक्षी दल सपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उनका पीडीए (PDA) फेल हो चुका है, जबकि भाजपा के पीडीए का अर्थ 2017, 2022 और 2027 की जीत है।
पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) राजीव कृष्ण ने ग्राम प्रहरियों को गांव और थाने के बीच संवाद की अहम कड़ी बताया। उन्होंने प्रहरियों से ग्रामीणों को साइबर ठगी और सोशल मीडिया की अफवाहों के प्रति जागरूक करने की अपील की। अपने संबोधन से पहले डीजीपी ने मुख्यमंत्री को मां दुर्गा की प्रतिमा भी भेंट की।
बेहतरीन काम करने वाले 11 ग्राम प्रहरियों का हुआ सम्मान
कार्यक्रम के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले 11 ग्राम प्रहरियों को मुख्यमंत्री ने मंच पर साफा पहनाकर और गिफ्ट हैम्पर देकर सम्मानित किया। इनमें बरेली के राजवीर सिंह, कुंवर पाल सिंह व राम राठौर, पीलीभीत के राजेंद्र बाल्मीकि, शाहजहांपुर के कमलेश, मुरादाबाद के कमलेश सिंह सैनी, बिजनौर के राजेश सैनी, संभल के अनिल बाल्मीकि, रामपुर के ध्यान सिंह चौहान, शाहबाद के प्रकाश और अमरोहा के तेजपाल प्रजापति शामिल रहे। समारोह में ग्राम प्रहरियों के योगदान पर एक लघु फिल्म भी दिखाई गई।