विज्ञापन
Home› Khabar Junction› Andhra Pradesh Immediate Survey Of Crop Damage Due To Heavy Rains Farmers Advised Avoid Waterlogging

आंध्र प्रदेश : भारी बारिश से फसल नुकसान का तुरंत होगा सर्वे, किसानों को जलभराव से बचाव की सलाह

गांव जंक्शन डेस्क, नई दिल्ली Published by: Mohammad Aamil Updated Sat, 26 Sep 2026 05:18 PM IST
सार

भारी बारिश और तेज हवाओं से प्रभावित फसलों का खेतों में जाकर तुरंत सर्वे किया जाएगा। जलभराव वाली फसलों को बचाने के लिए किसानों को तकनीकी सलाह दी जाएगी, जबकि क्षतिग्रस्त सड़कों की प्राथमिकता के आधार पर आपात मरम्मत होगी।

सांकेतिक तस्वीर
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आंध्र प्रदेश में भारी बारिश और तेज हवाओं से प्रभावित किसानों को राहत देने की तैयारी तेज कर दी गई है। कृषि मंत्री के. अच्चन्नायडू ने अधिकारियों को कृषि और बागवानी फसलों को हुए नुकसान का तत्काल सर्वे करने और जल्द से जल्द नुकसान का पूरा ब्योरा तैयार करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही बारिश से क्षतिग्रस्त सड़कों और दूसरी जरूरी सुविधाओं की पहचान कर उनकी तुरंत मरम्मत करने को कहा गया है।

मंत्री ने कृषि विभाग के विशेष मुख्य सचिव बुधिती राजशेखर, कृषि आयुक्त जिलानी, बागवानी आयुक्त श्रीनिवासुलु, पशुपालन विभाग के निदेशक, मत्स्य आयुक्त और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ टेली कॉन्फ्रेंस कर स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने पार्वतीपुरम मान्यम, डॉ. बी.आर. अंबेडकर कोनसीमा और श्रीकाकुलम जिलों के कलेक्टरों से भी बात की। उन्होंने राहत कार्यों और जरूरी सुविधाओं की बहाली में तेजी लाने के निर्देश दिए।

खेतों में जाकर होगा नुकसान का आकलन
मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि जिन खेतों में पानी भर गया है, वहां जाकर फसलों की स्थिति देखी जाए। नुकसान का सर्वे जल्द पूरा किया जाए। किसानों को खेतों से रुका हुआ पानी निकालने और ज्यादा नमी से फसल को होने वाले नुकसान को रोकने के तरीके भी बताए जाएं।

क्षतिग्रस्त सड़कों की तुरंत मरम्मत
बारिश और तेज हवाओं से खराब हुई सड़कों और दूसरी आधारभूत सुविधाओं का भी तुरंत ब्योरा तैयार करने को कहा गया है। लोगों की आवाजाही के लिए जरूरी सड़कों को प्राथमिकता के आधार पर चिह्नित कर उनकी आपात मरम्मत कराने के निर्देश दिए गए हैं। जिला प्रशासन को प्रभावित क्षेत्रों पर लगातार नजर रखने और राहत व बहाली के काम में तेजी लाने को कहा गया है।

बारिश का पानी भी सहेजने पर जोर
कृषि मंत्री ने बारिश से मिले पानी को बचाने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि अल नीनो के प्रभाव के कारण आगे सूखे जैसे हालात बनने की आशंका को देखते हुए तालाबों और जलाशयों में पानी जमा करने की योजना तैयार की जाए।

मंत्री ने कहा कि जिन खेतों में पानी जमा होने से फसल को नुकसान हो रहा है, वहां पानी निकालना जरूरी है। वहीं, जहां संभव हो, बारिश के पानी को भविष्य की जरूरत के लिए सुरक्षित किया जाए। किसानों को पानी का सही और कम से कम बर्बादी वाला इस्तेमाल करने के तरीके भी बताए जाएं।
विज्ञापन
विज्ञापन