क्या आने वाले महीनों में चावल और महंगा हो सकता है? इस साल देश में चावल उत्पादन करीब 14.4 करोड़ टन रहने का अनुमान है, जो पिछले साल के रिकॉर्ड उत्पादन से करीब 6.5% कम है। कमजोर मानसून, घटा हुआ धान रकबा और जलाशयों में कम पानी से सप्लाई पर दबाव की आशंका है। दूसरी ओर, सरकारी भंडार में करीब 5.96 करोड़ टन चावल और धान का स्टॉक मौजूद है। ऐसे में सवाल है कि खेत में घटती पैदावार और गोदाम में बड़े स्टॉक के बीच चावल की कीमतों का रुख क्या रहेगा? जानिए पूरी कहानी आंकड़ों के साथ।
HIGHLIGHTS
10 साल में पहली बार घट सकती है चावल की पैदावार
धान की पैदावार 6.5% घटने का अनुमान
चावल का औसत दाम 7% बढ़ा
खेत में कमी, सरकारी गोदामों में 6 गुना स्टॉक
भरा गोदाम, फिर भी चावल महंगा क्यों?
अक्टूबर की आवक तय करेगी आगे के दाम