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Woman Farmer Vandana Singh Of Mirzapur Honored For Her Dragon Fruit And Strawberry Cultivation
महिला किसान का कमाल : ड्रैगन फ्रूट और स्ट्रॉबेरी की खेती से बनीं मिसाल, मिर्जापुर की वंदना सिंह सम्मानित
संतोष देव गिरि, मिर्जापुर
Published by: Mohammad Aamil
Updated Thu, 29 Oct 2026 08:02 PM IST
सार
मिर्जापुर की महिला किसान वंदना सिंह को ड्रैगन फ्रूट और स्ट्रॉबेरी की खेती के लिए सम्मानित किया गया। बीएचयू के कृषि विज्ञान केंद्र बरकछा को भी कृषि प्रसार और किसान प्रशिक्षण के लिए सम्मान मिला।
मिर्जापुर की वंदना सिंह सम्मानित
- फोटो : गांव जंक्शन
पारंपरिक खेती के साथ ड्रैगन फ्रूट और स्ट्रॉबेरी की खेती कर रही मिर्जापुर की महिला किसान वंदना सिंह को सम्मानित किया गया है। उत्तर प्रदेश कृषि अनुसंधान परिषद (UPCAR) के स्थापना दिवस समारोह में उन्हें आधुनिक खेती और कृषि विकास में उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मान मिला। उनकी सफलता को दूसरी महिला किसानों के लिए प्रेरणादायक बताया गया।
27 अक्टूबर 2026 को लखनऊ स्थित भारतीय गन्ना अनुसंधान संस्थान के सभागार में आयोजित समारोह में वंदना सिंह को सम्मानित किया गया। उन्होंने ड्रैगन फ्रूट और स्ट्रॉबेरी जैसी फसलों की खेती को अपनाकर अपनी अलग पहचान बनाई है। उनकी उपलब्धियों की सराहना करते हुए परिषद ने उम्मीद जताई कि उनके प्रयास दूसरे किसानों को भी नई तकनीक अपनाने के लिए प्रेरित करेंगे।
कृषि विज्ञान केंद्र बरकछा को भी मिला सम्मान
इसी समारोह में काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के मिर्जापुर स्थित कृषि विज्ञान केंद्र, बरकछा को भी सम्मानित किया गया। केंद्र को कृषि प्रसार, किसानों को प्रशिक्षण देने, नई कृषि तकनीकों की जानकारी पहुंचाने और किसानों की आमदनी बढ़ाने की दिशा में किए गए कार्यों के लिए यह सम्मान मिला।
संस्थान की ओर से यह सम्मान कृषि विज्ञान केंद्र के अध्यक्ष प्रो. श्रीराम सिंह ने प्राप्त किया। वे लंबे समय से विंध्य क्षेत्र के किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों और खेती के बेहतर तरीकों की जानकारी देने में जुटे हैं।
किसानों को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर
विंध्य क्षेत्र का बड़ा हिस्सा पहाड़ी है, जहां खेती काफी हद तक बारिश पर निर्भर रहती है। ऐसे क्षेत्रों में किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए नई फसलों और बेहतर कृषि तकनीकों की जानकारी महत्वपूर्ण है। प्रो. श्रीराम सिंह और उनकी टीम किसानों को प्रशिक्षण देकर खेती में सुधार के लिए प्रोत्साहित कर रही है।
कृषि विज्ञान केंद्र के प्रयासों से किसानों को फसल चयन, उत्पादन तकनीक और खेती से जुड़ी दूसरी जानकारियां मिल रही हैं। इससे किसानों को अपनी जरूरत और स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार खेती के विकल्प चुनने में मदद मिलती है।
समारोह में उत्तर प्रदेश कृषि अनुसंधान परिषद के वरिष्ठ अधिकारियों, वैज्ञानिकों, किसानों और अन्य विशिष्ट लोगों ने भाग लिया। वंदना सिंह और कृषि विज्ञान केंद्र बरकछा को मिला सम्मान क्षेत्र में कृषि विकास के प्रयासों को पहचान देने वाला कदम है।
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