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Home› Khabar Junction› Tea Prices Firm In Coonoor 95 Sales Up Lack Of Rain Raises Concerns Over Next Crop

कूनूर में चाय के दाम मजबूत : 95 फीसदी हुई बिक्री, बारिश की कमी से अगली फसल पर चिंता

गांव जंक्शन डेस्क, नई दिल्ली Published by: Mohammad Aamil Updated Mon, 05 Oct 2026 01:08 PM IST
सार

  • कूनूर चाय नीलामी में 95% चाय की बिक्री हुई।
  • लीफ चाय की पेशकश 12.78 लाख किलो रही।
  • डस्ट चाय की पेशकश 3.06 लाख किलो रही।
  • ब्लेंडर्स और निर्यातकों की अच्छी मांग से बाजार मजबूत रहा।

चाय पत्ती
चाय पत्ती - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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कूनूर की चाय नीलामी में इस सप्ताह चाय की कीमतों में मजबूती देखी गई। ब्लेंडर्स और निर्यातकों की अच्छी मांग के चलते बाजार में कारोबार मजबूत रहा। नीलामी में कुल उपलब्ध चाय का करीब 95 फीसदी हिस्सा बिक गया।

हालांकि, कारोबारियों को बारिश की कमी की चिंता सता रही है। उनका कहना है कि अगर जल्द बारिश नहीं हुई तो आने वाले समय में चाय का उत्पादन प्रभावित हो सकता है। कूनूर और आसपास के ऊंचाई वाले इलाकों में जलाशयों और जलस्तर में कमी आने लगी है। इसका असर चाय के साथ दूसरी कृषि फसलों पर भी पड़ सकता है। कारोबारियों को अब उत्तर-पूर्वी मानसून (NE Monsoon) से बारिश की उम्मीद है।

95 फीसदी चाय की हुई बिक्री
ग्लोबल टी ऑक्शनियर्स के मुताबिक, नीलामी में 12,78,366 किलो लीफ चाय बिक्री के लिए रखी गई थी, जिसमें 95 फीसदी की बिक्री हुई। वहीं 3,06,770 किलो डस्ट चाय की पेशकश की गई और इसकी भी 95 फीसदी बिक्री हुई।

CTC चाय में 2 से 5 रुपये तक तेजी
CTC लीफ चाय की ऊंची कीमत वाली किस्मों के दाम में 4 से 5 रुपये प्रति किलो की कमी आई। हालांकि, कुछ अच्छी गुणवत्ता वाली चाय 3 से 4 रुपये तक महंगी बिकी। मध्यम गुणवत्ता वाली चाय की मांग अच्छी रही और इसके दाम 3 से 4 रुपये तक बढ़े। सामान्य और कम गुणवत्ता वाली चाय में भी 2 से 3 रुपये तक की तेजी रही। कुल मिलाकर CTC लीफ चाय की मांग अच्छी रही।

होल लीफ और डस्ट चाय में भी मांग
प्राइमरी होल लीफ चाय की कीमतें सामान्य तौर पर स्थिर रहीं, जबकि कुछ किस्मों में 2 से 3 रुपये तक तेजी आई। ब्रोकन चाय की कीमतें मजबूत रहीं और इनमें भी 2 से 3 रुपये तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई।प्राइमरी ऑर्थोडॉक्स डस्ट चाय की मांग अच्छी रही और इसके दाम 4 से 5 रुपये तक बढ़े। कुछ बेहतर गुणवत्ता वाली किस्मों में इससे अधिक तेजी भी रही। सेकेंडरी और बारीक डस्ट चाय की कीमतें भी 2 से 3 रुपये तक बढ़ीं।

बारिश नहीं हुई तो चाय उत्पादन पर असर
कारोबारियों के मुताबिक, फिलहाल बाजार में मांग अच्छी है, लेकिन बारिश की कमी चिंता का विषय बनी हुई है। कूनूर के आसपास जलाशयों और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पानी का स्तर घट रहा है। अगर उत्तर-पूर्वी मानसून से पर्याप्त बारिश नहीं हुई तो आने वाले महीनों में चाय की नई पत्तियों और उत्पादन पर असर पड़ सकता है। इसका असर क्षेत्र की दूसरी कृषि फसलों पर भी पड़ने की आशंका है।
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