महाराष्ट्र सरकार ने सूखे की मार झेलने वाले किसानों को शुरुआती आर्थिक सहायता के रूप में पांच हजार रुपये देने का एलान किया है। सरकार के इस फैसले से नाराज धाराशिव जिले के सोयाबीन किसान चांद शेख ने इतनी ही रकम मनीऑर्डर के माध्यम से सीएम देवेंद्र फडणवीस को भेज दी है। किसान का कहना है कि आर्थिक सहायता की यह राशि खेती की लागत की भरपाई के लिए काफी नहीं है।
1.5 एकड़ सोयाबीन पर सूखे की मार, 60 किलो उपज निकली
किसान चांद शेख का कहना है कि इस खरीफ उन्होंने 1.5 एकड़ में सोयाबीन की बुवाई की थी, जिस पर 25 हजार रुपये का खर्च आया था। लेकिन कम बारिश के कारण फसल सूखे की चपेट में आई और खेत से मात्र 60 किलो उपज निकली, जिससे 3,900 रुपये की कमाई हुई। इस हिसाब से आर्थिक सहायता को नाकाफी बताते हुए किसान ने 1,100 रुपये उधार लेकर पांच हजार रुपये का मनीऑर्डर सीएम को भेज दिया।
पांच हजार रुपये शुरुआती आर्थिक सहायता
बीते बुधवार को सीएम फडणवीस ने सूखा प्रभावित किसानों के खातों में पांच हजार रुपये की शुरुआती आर्थिक सहायता जारी करने का एलान किया था। सरकार ने साफ किया था कि फसल नुकसान का पूरा आकलन करने और केंद्र सरकार ने सहायता राशि मिलने की प्रक्रिया में समय लगता है। ऐसे में किसानों को तत्काल राहत पहुंचाने के लिए सहायता राशि का एलान किया गया है।
राज्य की 305 तहसील सूखे की जद में
महाराष्ट्र की 358 में से 305 तहसील सूखे की जद में आ चुकी हैं। सरकार का कहना है कि यह 5,000 रुपये की सहायता केवल शुरुआती राहत है, जबकि आगे की वित्तीय मदद नुकसान के पूर्ण आकलन और संबंधित प्रक्रियाओं के बाद तय की जाएगी।