विज्ञापन
Home› Khabar Junction› Chhattisgarh Cabinet Decisions Paddy Procurement At Rs 3 100 Quintal From Nov 15

छत्तीसगढ़ कैबिनेट के बड़े फैसले: 15 नवंबर से ₹3,100 में धान खरीदी, सड़कों के लिए भी खुला खजाना

गांव जंक्शन डेस्क, रायपुर Published by: Umashankar Mishra Updated Tue, 27 Oct 2026 08:44 PM IST
सार

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री निवास कार्यालय (सिविल लाइन) में आयोजित कैबिनेट बैठक में किसानों और राज्य के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए कई बड़े निर्णय लिए गए हैं। सरकार ने इस सीजन में किसानों से 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदने की आधिकारिक घोषणा कर दी है।

छत्तीसगढ़ के सीएम विष्णु देव साय
छत्तीसगढ़ के सीएम विष्णु देव साय - फोटो : गांव जंक्शन
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में हुई छत्तीसगढ़ कैबिनेट की बैठक में किसानों और बुनियादी ढांचे (Infrastructure) के लिए बड़े फैसले लिए गए। सरकार 15 नवंबर से 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से 3,100 केंद्रों पर धान खरीदेगी, जिसमें पारदर्शिता के लिए बायोमीट्रिक सिस्टम और डिजिटल क्रॉप सर्वे लागू किया गया है।

इस व्यापक अभियान के लिए राज्य में कुल 3,100 उपार्जन केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें किसानों की सहूलियत के लिए इस साल 360 नए केंद्र शामिल किए गए हैं।

बिना ऋण पुस्तिका बिकेगा धान
धान खरीदी की प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और बिचौलियों से मुक्त बनाने के लिए तकनीकी बदलाव किए गए हैं। 'एग्रीस्टेक' में अग्रिम पंजीयन होने के कारण अब किसानों को समिति में अलग से कागजी ऋण पुस्तिका लाने की जरूरत नहीं होगी, क्योंकि डिजिटल क्रॉप सर्वे के जरिए धान के रकबे का ऑनलाइन निर्धारण पहले ही किया जा चुका है। 

बायोमीट्रिक आधारित खरीदी व्यवस्था लागू 
केवल वास्तविक किसानों से ही उपज खरीदी जाए, इसके लिए बायोमीट्रिक आधारित खरीदी व्यवस्था लागू की गई है। कैबिनेट ने खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 और 2025-26 के बचे हुए (अतिशेष) धान को नीलामी के जरिए निपटाने के मंत्रिमंडलीय उपसमिति के फैसले को भी हरी झंडी दे दी है।

ठेकेदारों को बिटुमिन पर भारी सब्सिडी
सूबे में रुकी हुई सड़क परियोजनाओं को गति देने के लिए कैबिनेट ने एक बड़े वित्तीय पैकेज को मंजूरी दी है। छत्तीसगढ़ ग्रामीण सड़क विकास अभिकरण के तहत 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2027 के बीच ठेकेदारों द्वारा इस्तेमाल किए गए बिटुमिन (डामर) पर राज्य सरकार अपने बजट से 130.88 करोड़ रुपये का अनुदान देगी।

इसके अलावा, राज्य वित्त पोषित जिन सड़कों के टेंडर 1 अप्रैल 2026 से पहले आ चुके हैं, उन्हें भी 15 अक्टूबर से 31 दिसंबर 2026 तक इस्तेमाल किए गए बिटुमिन पर मूल्य राहत मिलेगी। इस फैसले से खजाने पर 70 से 100 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार आएगा, लेकिन डामरीकरण के काम समय पर पूरे हो सकेंगे।

तैयार होगा 'रोड नेटवर्क मास्टर प्लान'
छत्तीसगढ़ के रोड इंफ्रास्ट्रक्चर को आधुनिक और सुरक्षित बनाने के लिए अब पूरे प्रदेश का 'रोड नेटवर्क मास्टर प्लान' तैयार किया जाएगा। लोक निर्माण विभाग (PWD) को इसका नोडल विभाग और छत्तीसगढ़ रोड एंड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड को क्रियान्वयन एजेंसी बनाया गया है।

पारदर्शिता बढ़ाने के लिए अब वामिस (WAMIS) और ई-माप पुस्तिका के जरिए डिजिटलीकरण लागू किया जा रहा है। साथ ही जीआईएस (GIS) आधारित नियोजन, अनिवार्य गुणवत्ता जांच और सड़क सुरक्षा ऑडिट को अनिवार्य कर दिया गया है ताकि सड़कों की लागत और समय सीमा को नियंत्रित किया जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन