बिहार (Bihar) में मशरूम की खेती (Mushroom) करने वाले किसानों के लिए बड़ी राहत की खबर है। मशरूम उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत पटना में एक नई मशरूम बीज उत्पादन इकाई स्थापित करने की मंजूरी दे दी है। इस कदम से राज्य में बेहतर मशरूम के बीजों की उपलब्धता में बढ़ोतरी की उम्मीद है। खास बात यह भी है कि इस इकाई में किसानों को मशरूम उगाने के बेहतर तरीके सिखाए जाएंगे। जानकारी के अनुसार, चालू वित्तीय वर्ष में इस परियोजना पर 61 लाख 60 हजार 741 रुपये खर्च किए जाएंगे।
किसानों को खेती और रोजगार से जोड़ने की पहल
यह नई इकाई पटना स्थित आईसीएआर के पूर्वी अनुसंधान परिसर में लगाई जाएगी। राज्य के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा के अनुसार, इस कदम का मुख्य उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों की कमाई में सुधार लाना और खेती से जुड़े उद्यमों को बढ़ावा देना है।
राज्य मशरूम उत्पादन में नंबर वन
कृषि मंत्री के अनुसार, बिहार वर्तमान में पूरे देश में मशरूम उत्पादन में पहले नंबर पर है और यहां इसकी अपार संभावनाएं मौजूद हैं। सरकार की कोशिश है कि किसानों को कम लागत वाली खेती से जोड़कर उनकी आमदनी बढ़ाई जाए, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार के अवसर पैदा हों।
किसानों को मिलेगी नई तकनीक की जानकारी
पटना के आईसीएआर परिसर में इस नई इकाई के खुलने से किसानों को मशरूम उगाने की आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। सरकार के अनुसार, यहां किसानों को मशरूम उत्पादन के बेहतर तरीके सिखाए जाएंगे, जो उनकी क्षमता बढ़ाने और आमदनी दोगुनी करने में अहम भूमिका निभाएगा।