विज्ञापन
Home› Khabar Junction› Chhattisgarh Learned Rose Cultivation From Youtube Earns Up To 8 Lakh Annually Cm Gave Advanced Farmer Aw

Chhattisgarh: यूट्यूब से सीखी गुलाब की खेती, सालाना ₹8 लाख तक की कमाई; किसान को CM ने दिया उन्नत कृषक सम्मान

गांव जंक्शन डेस्क, नई दिल्ली Published by: Devesh Saraswat Updated Sun, 01 Nov 2026 07:53 PM IST
सार

  • यूट्यूब से गुलाब की खेती सीखकर किसान रामसाय मरकाम ने बनाई नई पहचान
  • छत्तीसगढ़ के कोंडागांव में गुलाब की खेती से सालाना 6 से 8 लाख रुपये की कमाई
  • कृषि वैज्ञानिकों की मदद और सरकारी अनुदान से शुरू की फूलों की खेती
  • मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने 'उन्नत कृषक सम्मान' से किया सम्मानित
  • फूलों की प्रदर्शनी लगाकर दूसरे किसानों को भी गुलाब की खेती के लिए कर रहे प्रेरित

 

प्रयागराज का अनोखा गुलाब
प्रयागराज का अनोखा गुलाब - फोटो : AI Image
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

खेती में कुछ नया करने की चाह हो तो जानकारी हासिल करने के कई रास्ते हैं। छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले के किसान रामसाय मरकाम ने भी कुछ ऐसा ही किया। उन्होंने यूट्यूब पर गुलाब की खेती के बारे में जानकारी जुटाई और फिर कृषि वैज्ञानिकों की मदद से इसकी शुरुआत की। आज वह गुलाब की खेती से सालाना 6 से 8 लाख रुपये तक कमा रहे हैं। उनके इस काम को देखते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने रायपुर में आयोजित एक राज्य स्तरीय समारोह में उन्हें 'उन्नत कृषक सम्मान' से सम्मानित किया।

यूट्यूब से मिली गुलाब की खेती शुरू करने की प्रेरणा
कोंडागांव जिले के फरसगांव ब्लॉक के चुरेगांव निवासी रामसाय मरकाम ने करीब पांच साल पहले यूट्यूब पर गुलाब की खेती के बारे में जानकारी देखी थी। इसके बाद उन्होंने कृषि विज्ञान केंद्र बोरगांव के वैज्ञानिक ओमप्रकाश और सुरेश मरकाम से संपर्क किया। वैज्ञानिकों ने उन्हें खेती के तरीके बताए। सरकारी अनुदान की मदद से उन्होंने गुलाब की खेती शुरू की। आज इस खेती से उन्हें हर साल 6 से 8 लाख रुपये की आमदनी हो रही है।

अपनी खेती से दूसरे किसानों को भी दे रहे प्रेरणा
रामसाय मरकाम सिर्फ खुद ही गुलाब की खेती नहीं कर रहे, बल्कि दूसरे किसानों को भी इसके बारे में बता रहे हैं। वह फूलों की प्रदर्शनी लगाते हैं और किसानों के साथ अपने अनुभव साझा करते हैं, ताकि दूसरे किसान भी फूलों की खेती के बारे में जान सकें। उनके काम को पहले भी सम्मान मिल चुका है। वर्ष 2023 में उन्हें नई दिल्ली में एमएफओआई अवार्ड और 2024 में युवा प्रगतिशील किसान सम्मान दिया गया था। अब मुख्यमंत्री के हाथों मिले उन्नत कृषक सम्मान से उन्हें एक और पहचान मिली है।


विज्ञापन
विज्ञापन