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Bihar: कम जमीन में बेहतरीन मुनाफा, महिला किसान सीखेंगी बहुस्तरीय खेती, एक खेत में कई फसलों से फायदा ही फायदा

गांव जंक्शन डेस्क, पटना Published by: Devesh Saraswat Updated Mon, 19 Oct 2026 02:41 PM IST
सार

  • बहुस्तरीय खेती का मॉडल किसानों को बाजार की मार से बचाने और लगातार आमदनी दे सकता है
  • इस मॉडल के माध्यम से बिहार के  किशनगंज में महिला किसानों की आमदनी बढ़ाने की योजना है
  • पहले चरण में जिले की 29 पंचायतों की 500 महिलाएं बहुस्तरीय खेती से जुड़ेंगी
  • मात्र 10 डिसमिल जमीन से महिलाएं सालाना 90 हजार रुपये का मुनाफा कम सकती है
  • इस मॉडल के तहत एक खेत में चार स्तरों पर उगेंगी अलग-अलग फसलें

बिहार की महिलाएं सीखेंगी बहुस्तरीय खेती के गुर।
बिहार की महिलाएं सीखेंगी बहुस्तरीय खेती के गुर। - फोटो : गांव जंक्शन (फाइल फोटो)
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विस्तार
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बाजार की मार से बचने और लगातार आमदनी के लिए मल्टी-लेयर फार्मिंग यानी बहुस्तरीय खेती को एक बेहतर मॉडल माना जाता है। इस मॉडल के तहत एक खेत में कई तरह की फसलें उगाई जाती हैं। बिहार के किशनगंज जिले में महिला किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए इसी मॉडल पर जोर दिया जा रहा है। 

कम जमीन में बेहतर आमदनी
पहले चरण में जिले की 29 पंचायतों की 500 महिलाओं को बहुस्तरीय खेती से जोड़ने की योजना है। कृषि विशेषज्ञों ने इस पहले के लिए खास मॉडल तैयार किया है, जिसे तहत मात्र 10 डिसमिल जमीन में खेती कर महिलाएं सालाना 80 से 90 हजार रुपये का मुनाफा कर सकेंगी। सीजन के हिसाब से देखें तो खरीफ सीजन में 45-50 हजार और रबी में 35 से 40 हजार रुपये कमाई होने की संभावना है। 

चार अलग-अलग स्तरों पर होती है खेती
जिला कृषि अधिकारी प्रभात कुमार ने बताया कि बहुस्तरीय मॉडल के तहत एक खेत में चार स्तरों पर खेती होती है। पहला स्तर जमीन के नीचे, जिसके तहत कंद वाले फसलें उगाई जाती है। जमीन की सतरह पर हरी सब्जियां, मचान पर लौकी और खीरे जैसी लता वाली सब्जियां और खेत की मेड पर पपीता और सहजन के पेड़ लगाए जाते हैं।

लगातार आमदनी का साधन, बाजार की मार से बचाव
इस तरीके से कम जमीन का पूरा इस्तेमाल होता है और किसानों को लगातार आमदनी मिलती रहती है। अगर बाजार में किसी एक फसल का दाम गिर भी जाए, तो दूसरी फसलों से होने वाली कमाई से नुकसान की भरपाई हो जाती है। जिला प्रशासन के इस प्रयास से ग्रामीण महिलाओं के लिए स्वरोजगार के नए रास्ते खुल रहे हैं।


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